
समाचार आजकल।
चंदौली, 16 सितंबर। कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग की अध्यक्षता में किसान दिवस का आयोजन किया गया। बैठक में किसानों ने बिजली, लो-वोल्टेज, सिंचाई, नहरों की सफाई, पेयजल और जल निकासी समेत विभिन्न समस्याएं उठाईं। समस्याओं के निस्तारण में लापरवाही पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाते हुए समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए।
बैठक के दौरान बंधी डिवीजन के सहायक अभियंता (AE) द्वारा अपनी जिम्मेदारी के निर्वहन में लापरवाही बरतने पर डीएम नाराज हो गए। उन्होंने एई को कड़ी फटकार लगाते हुए स्पष्ट चेतावनी दी कि किसान अपनी समस्याओं को लेकर परेशान हैं और उनका त्वरित निस्तारण संबंधित अधिकारियों की प्राथमिक जिम्मेदारी है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
माइनर की सफाई न होने पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश
किसानों ने कटशीला से जमुनीपुर माइनर की साफ-सफाई नहीं होने की समस्या उठाई। किसानों की शिकायत पर जिलाधिकारी ने सिंचाई विभाग के अधिकारियों को तत्काल माइनर की सफाई कराने और आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
किसानों ने बिजली आपूर्ति, लो-वोल्टेज, पेयजल, शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के ड्रेनों की सफाई तथा पुरानी नहरों के रेनोवेशन से जुड़ी समस्याएं भी सामने रखीं। डीएम ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को सभी समस्याओं के समाधान के लिए बेहतर रणनीति बनाकर ठोस कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए।
गड़ई पर कब्जे के मामले में सभी संलिप्त लोगों पर कार्रवाई के निर्देश
बैठक में मरुई गांव में गड़ई के कुछ हिस्से को पाटकर किए गए अवैध कब्जे का मामला भी सामने आया। डीएम को जानकारी दी गई कि कुछ लोगों के खिलाफ विधिक कार्रवाई की गई है। इस पर जिलाधिकारी ने कब्जे में संलिप्त सभी लोगों के विरुद्ध नियमानुसार आगे की कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि किसान दिवस में उठाई गई प्रत्येक समस्या का समयबद्ध तरीके से निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को किसानों की शिकायतों को गंभीरता से लेने और मौके पर प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
बैठक में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) राजेश कुमार, अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) रतन वर्मा, जिला कृषि अधिकारी विनोद कुमार यादव, जिला खाद्य विपणन अधिकारी राघवेन्द्र प्रताप सिंह, अधिशासी अभियंता चंद्र प्रभा सहित विद्युत, सिंचाई और कृषि विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।