
चन्दौली। हाईवे पर कार सवार युवकों को रोककर फायरिंग करने और गले से सोने की चेन लूटकर फरार हुए बदमाशों को आखिरकार पुलिस ने दबोच लिया। अलीनगर पुलिस और स्वाट टीम की संयुक्त कार्रवाई में लूट की वारदात में शामिल चार शातिर अभियुक्त गिरफ्तार किए गए हैं।
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से लूटी गई सोने की चेन, तीन अवैध तमंचे, छह जिंदा कारतूस, नकदी, तीन मोबाइल फोन और दो मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों में कुछ के खिलाफ पहले से हत्या और हत्या के प्रयास समेत कई गंभीर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं।
SS हॉस्पिटल के पास फायरिंग कर छीनी थी चेन
पुलिस के मुताबिक, 25 अगस्त 2026 की रात करीब 9:30 बजे गल्लामंडी ईस्टर्न बाजार निवासी सूर्यान्श जायसवाल अपने दो दोस्तों प्रशान्त यादव और मोहित चौहान के साथ वाहन से एसएस हॉस्पिटल, आलमपुर के पास पहुंचे थे।
इसी दौरान टीवीएस मोटरसाइकिल सवार दो बदमाशों ने उनकी गाड़ी के आगे बाइक लगाकर रास्ता रोक लिया। आरोप है कि बदमाशों ने जान से मारने की नीयत से तमंचे से फायरिंग की और सूर्यान्श जायसवाल के गले से सोने की चेन लूटकर चन्दौली की ओर फरार हो गए।
घटना के बाद अलीनगर थाने में मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने बदमाशों की तलाश शुरू की थी।
CCTV और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों से पुलिस पहुंची आरोपियों तक
लूट और फायरिंग की घटना के खुलासे के लिए अलीनगर पुलिस और स्वाट टीम लगातार सीसीटीवी फुटेज, भौतिक साक्ष्य और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की जांच कर रही थी। इसी दौरान 28 अगस्त को मुखबिर से सूचना मिली कि घटना में शामिल आरोपी एक बार फिर किसी आपराधिक वारदात को अंजाम देने की नीयत से सकलडीहा की तरफ से रिंग रोड की ओर आ रहे हैं।
सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने तारापुर/आलमपुर अंडरपास के पास घेराबंदी कर सघन चेकिंग शुरू कर दी।
भागने के दौरान गीली सड़क पर फिसली बाइक, दो बदमाश गिरफ्तार
चेकिंग के दौरान एक बाइक पर सवार दो संदिग्धों को पुलिस ने रुकने का इशारा किया। पुलिस के अनुसार, रुकने के बजाय दोनों आरोपी बाइक मोड़कर भागने लगे, लेकिन सड़क गीली होने के कारण उनकी मोटरसाइकिल फिसलकर गिर गई।
इसके बाद पुलिस टीम ने दोनों को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया। बाइक से गिरने के कारण दोनों आरोपियों को चोटें आईं, जिसके बाद उन्हें नजदीकी अस्पताल में प्राथमिक उपचार भी कराया गया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान राजकुमार दुबे और अमन गिरी के रूप में हुई।
पूछताछ के बाद दो और साथी भी पुलिस के शिकंजे में
राजकुमार दुबे और अमन गिरी से पूछताछ के दौरान पुलिस को उनके दो अन्य साथियों के बारे में जानकारी मिली, जो कथित तौर पर दूसरी बाइक से रेकी और बैकअप के लिए चल रहे थे।
इसके बाद पुलिस ने घेराबंदी कर बजाज पल्सर बाइक से आए कमलेश मिश्रा उर्फ पंकज मिश्रा और विनोद सिंह को भी गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के अनुसार, लूट की वारदात में राजकुमार दुबे और अमन गिरी मुख्य रूप से शामिल थे, जबकि अन्य आरोपी कथित तौर पर रेकी, सहयोग और हथियार छिपाने में मदद करते थे।
लूटी गई चेन की पीड़ित ने की शत-प्रतिशत पहचान
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार राजकुमार दुबे के कब्जे से 25 अगस्त की घटना में लूटी गई पीली धातु की चेन बरामद हुई है।
वादी सूर्यान्श जायसवाल को मौके पर बुलाकर बरामद चेन दिखाई गई, जिस पर उन्होंने अपनी लूटी गई चेन की शत-प्रतिशत पहचान की।
03 तमंचे, 06 कारतूस और 4,420 रुपये बरामद
गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से पुलिस ने—
▶ 01 लूटी गई पीली धातु की चेन
▶ 03 अवैध तमंचे .315 बोर
▶ 06 जिंदा कारतूस .315 बोर
▶ कुल 4,420 रुपये नकद
▶ 01 टीवीएस रोनिन मोटरसाइकिल, नंबर UP61BL9666
▶ 01 बजाज पल्सर मोटरसाइकिल
▶ 03 मोबाइल फोन
बरामद किए हैं।
हत्या और हत्या के प्रयास के मामलों में भी दर्ज हैं मुकदमे
पुलिस द्वारा जारी आपराधिक इतिहास के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों में शामिल विनोद सिंह के खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास और आर्म्स एक्ट समेत कई पुराने मुकदमे दर्ज हैं।
वहीं कमलेश मिश्रा उर्फ पंकज मिश्रा और अमन गिरी के खिलाफ भी पूर्व में आपराधिक मामले दर्ज होने की जानकारी पुलिस ने दी है। अन्य आरोपियों के आपराधिक इतिहास की भी जानकारी जुटाई जा रही है।
पुलिस पूछताछ में सामने आया पूरा तरीका
पुलिस के अनुसार पूछताछ में राजकुमार दुबे ने बताया कि वह अपने रिश्तेदार कमलेश मिश्रा के यहां आता था, जहां अन्य साथियों के साथ मिलकर योजना बनाई जाती थी। इसके बाद राजकुमार और अमन कथित तौर पर टीवीएस रोनिन बाइक से सैयदराजा से राजातालाब के बीच हाईवे पर घूमते और मौका मिलने पर असलहे के बल पर लूट की वारदात को अंजाम देते थे।
वारदात के बाद बाइक को अलग स्थान पर खड़ा किया जाता था और आरोपी ठिकाना बदल लेते थे। पुलिस के मुताबिक, विनोद सिंह के ठिकाने पर हथियार छिपाने और अन्य सहयोग का भी आरोपियों ने खुलासा किया है।
अलीनगर पुलिस और स्वाट टीम की संयुक्त कार्रवाई
लूट और फायरिंग की इस घटना का खुलासा प्रभारी निरीक्षक अलीनगर गगन राज सिंह और प्रभारी निरीक्षक स्वाट टीम राम जन्म यादव के नेतृत्व में किया गया।
पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ दर्ज मुकदमे में बरामदगी और साक्ष्यों के आधार पर अन्य धाराओं की बढ़ोतरी करते हुए आगे की विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है। गिरफ्तार आरोपियों को नियमानुसार न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जा रहा है।